
पीड़ित को कंपनी की बिल्डिंग के ऊपर बने शौचालय में ले जाकर उसके कपड़े उतरवाए गए और लाठी, डंडे और बेल्ट से मारपीट की गई। मारपीट के दौरान कई डंडे टूट गए। पीड़ित के शरीर पर गंभीर चोटों के निशान और सूजन देखी गई। उसके एक हाथ और पैर पर नीले निशान हैं।
पीड़ित किसी तरह कंपनी से बचकर घर पहुंचा और गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया। पिता अशोक कुमार चौहान ने बताया कि उनका बेटा मानसिक रूप से भी टूट चुका है।
घटना के बाद थाना एकता पुलिस ने मैनेजर विपिन भदौरिया और दो अन्य कर्मचारियों सौरभ चौहान और रामनरेश के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। पुलिस मेडिकल रिपोर्ट और बयान के आधार पर कानूनी कार्रवाई कर रही है। पीड़ित परिवार दोषियों की जल्द गिरफ्तारी और कड़ी सजा की मांग कर रहा है।









