
वाराणसी। वाराणसी के ऐतिहासिक दालमंडी इलाके में सोमवार को दूसरे दिन भी सड़क चौड़ीकरण के लिए ध्वस्तीकरण की कार्रवाई जारी रही। लोक निर्माण विभाग (PWD), जिला प्रशासन और भारी पुलिस बल की मौजूदगी में मकानों और दुकानों को बुलडोजर से तोड़ा जा रहा है।
जहां बुलडोजर नहीं पहुंच पा रहा, वहां मजदूर हथौड़ों से निर्माण गिराने में जुटे हैं। पूरे इलाके में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। करीब 200 पुलिसकर्मी तैनात हैं, बैरिकेडिंग की गई है और ड्रोन कैमरों से निगरानी रखी जा रही है। इससे पहले रविवार को करीब 30 मकान और दुकानें गिराई गई थीं।
186 संपत्तियां चौड़ीकरण की जद में
प्रशासन के मुताबिक, दालमंडी की संकरी गली को चौड़ा करने का बड़ा प्रोजेक्ट चल रहा है। वर्तमान में सड़क की चौड़ाई 3 से 4 मीटर है, जिसे बढ़ाकर 17.4 मीटर किया जा रहा है। इस परियोजना के तहत कुल 186 दुकानें और मकान प्रभावित हो रहे हैं, जिनमें 6 मस्जिदें भी शामिल हैं।
इस कार्रवाई में कई दुकानें और मकान पूरी तरह ध्वस्त किए जा रहे हैं, जबकि कुछ आंशिक रूप से तोड़े जा रहे हैं।
मॉडल सड़क के रूप में होगा विकास
दालमंडी की इस सड़क को आने वाले समय में मॉडल रोड के रूप में विकसित करने की योजना है। यह सड़क करीब 650 मीटर लंबी है, जो नई सड़क से चौक थाना क्षेत्र तक जाती है। इसे 60 फीट चौड़ा बनाया जाएगा, जिसमें 30 फीट मुख्य सड़क और दोनों ओर 15-15 फीट की पटरी होगी।
श्रद्धालुओं को मिलेगी राहत
इस प्रोजेक्ट के पूरा होने के बाद काशी विश्वनाथ मंदिर जाने वाले श्रद्धालुओं को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। संकरी गलियों के कारण होने वाली भीड़ और जाम की समस्या में सुधार होगा।
बताया जाता है कि इस परियोजना का शिलान्यास प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने वाराणसी दौरे के दौरान किया था।








