अंबेडकरनगर। राजस्व न्यायालयों में लंबित मामलों के निस्तारण में देरी और तहसीलों में कथित अनियमितताओं को लेकर जिले के अधिवक्ताओं ने एकजुट होकर आवाज उठाई। जिला बार एसोसिएशन सहित आलापुर, जलालपुर, टांडा और भीटी बार एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने संयुक्त बैठक के बाद जिलाधिकारी ईशा प्रिया को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने निष्पक्ष सुनवाई, जरूरी अभिलेख समय से उपलब्ध कराने और तहसीलों में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की। प्रतिनिधिमंडल की अगुवाई जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष सुनील यादव ने की।
लंबित मामलों में सुनवाई और समयबद्ध फैसले की मांग
अधिवक्ताओं ने उत्तर प्रदेश राजस्व संहिता के तहत चल रहे मामलों में पक्षकारों को अपना पक्ष रखने और साक्ष्य प्रस्तुत करने का पर्याप्त अवसर देने की मांग की। उन्होंने एकपक्षीय कार्रवाई वाले मामलों में नियमानुसार सुनवाई कराने तथा वर्ष 2023 से लंबित प्रकरणों पर भी ध्यान देने को कहा। ज्ञापन में साक्ष्यों और अभिलेखों के आधार पर मामलों का निस्तारण करने की मांग उठाई गई।
रिपोर्ट में देरी से प्रभावित हो रही सुनवाई
ज्ञापन में भूमि की पैमाइश, अभिलेखों में सुधार, अतिक्रमण, भूमि उपयोग और बंटवारे से जुड़े मामलों में जरूरी रिपोर्ट व पत्रावलियां समय से उपलब्ध कराने की मांग की गई। अधिवक्ताओं के मुताबिक, रिपोर्ट मिलने में देरी से सुनवाई प्रभावित होती है और वादकारियों को बार-बार तहसील के चक्कर लगाने पड़ते हैं।









