अंबेडकरनगर। टांडा कोतवाली में दर्ज धोखाधड़ी और एससी-एसटी एक्ट से जुड़े मामले में वांछित चल रहे 50 हजार रुपये के इनामी अरविंद वर्मा को पुलिस ने लखनऊ से गिरफ्तार कर लिया। टांडा कोतवाली की टीम ने सोमवार रात 26 अक्टूबर को गोमती नगर विस्तार स्थित पार्क व्यू अपार्टमेंट में उसके आवास पर दबिश दी। पुलिस के अनुसार, रात 11:40 बजे उसे गिरफ्तार किया गया। आरोपी की तलाश में पुलिस पहले उसके पैतृक गांव जमालापुर पहुंची थी। वहां तलाश के बाद टीम लखनऊ गई और उसे उसके आवास से पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायालय में पेश करने की कार्रवाई की गई।
धोखाधड़ी से धमकी तक के आरोप, तीन थानों में दर्ज हैं मामले
पुलिस के मुताबिक, अरविंद वर्मा पुत्र रमापति वर्मा के खिलाफ टांडा और आजमगढ़ में अलग-अलग वर्षों में तीन मामले दर्ज हैं। इनमें धोखाधड़ी, किसी के पास रखे धन या संपत्ति का बेईमानी से इस्तेमाल करने, गाली-गलौज और धमकी देने जैसे आरोप शामिल हैं। एक मामले में अनुसूचित जाति-जनजाति अत्याचार निवारण कानून से जुड़े आरोप भी हैं।
टांडा कोतवाली: वर्ष 2015 में दर्ज मामले में अरविंद वर्मा पर धोखाधड़ी कर गलत तरीके से लाभ लेने, अमानत में खयानत, गाली-गलौज और धमकी देने के आरोप हैं। इसी मामले में एससी-एसटी एक्ट के तहत भी कार्रवाई हुई। यह प्रकरण विशेष न्यायाधीश, एससी-एसटी एक्ट की अदालत में विचाराधीन है। अदालत से वारंट जारी होने के बाद भी आरोपी के नहीं मिलने पर उसकी गिरफ्तारी के लिए कार्रवाई आगे बढ़ाई गई और उस पर 50 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया।
टांडा कोतवाली: वर्ष 2016 में उसके खिलाफ अदालत में निर्धारित प्रक्रिया के तहत उपस्थित न होने से संबंधित एक और मामला दर्ज किया गया था।
आजमगढ़ कोतवाली: वर्ष 2017 में दर्ज मामले में भी धोखाधड़ी, अमानत में खयानत, गाली-गलौज और धमकी देने के आरोप शामिल हैं।









