
लखनऊ: केजीएमयू में कथित लव जिहाद प्रकरण पर यूपी महिला आयोग की अध्यक्ष बबीता सिंह चौहान ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस मामले को गंभीरता से देख रहे हैं और पूरे नेटवर्क की परत-दर-परत जांच कराई जाएगी।
महिला आयोग अध्यक्ष ने बताया कि अब तक जो तथ्य सामने आए हैं, वे केवल शुरुआत हैं। जांच आगे बढ़ने पर कई और नाम और कड़ियां उजागर होंगी।
FIR को लेकर आयोग की स्थिति:
बबीता सिंह चौहान ने कहा कि जिस तरह FIR की बात हो रही है, फिलहाल वैसी कोई स्थिति नहीं बनती। उन्होंने अपर्णा यादव के खिलाफ FIR दर्ज कराने के दबाव को अनुचित बताया। आयोग पूरी तरह पीड़ित महिला के साथ खड़ा है और किसी दबाव में नहीं आएगा।
डॉक्टर रमीज मलिक और नेटवर्क:
महिला आयोग ने दावा किया कि केजीएमयू से जुड़े डॉक्टर रमीज मलिक ने बड़े पैमाने पर नेटवर्क चलाया। उनके कनेक्शन डॉक्टर शाहीन और परवेज से भी जुड़े हैं। बबीता चौहान ने कहा कि मलिक छांगुर बाबा से प्रभावित था और हिंदू महिलाओं के संपर्क में रहते हुए इस प्रकरण की गंभीरता बढ़ाता था।
महिला आयोग का कहना है:
यह मामला सिर्फ एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है, बल्कि एक संगठित नेटवर्क की ओर इशारा करता है। आगामी जांच में कई और खुलासे होने की संभावना है।








