
अम्बेडकरनगर में रबी विपणन वर्ष 2026-27 के तहत गेहूं खरीद व्यवस्था की निगरानी के लिए नामित नोडल अधिकारी मनोज कुमार ने गुरुवार को विभिन्न क्रय केंद्रों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान खरीद प्रक्रिया, तौल व्यवस्था और किसानों से संवाद कर जमीनी स्थिति का आकलन किया गया।
केंद्रों पर तौल और व्यवस्थाओं की जांच
नोडल अधिकारी ने पीसीयू द्वारा संचालित अटवाई समसुद्दीनपुर केंद्र, पीसीएफ के बीपैक्स डोमनेपुर केंद्र और खाद्य विभाग के कटेहरी प्रथम केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने तौल के लिए रखी गेहूं की बोरियों का रैंडम आधार पर वजन चेक कराया।
किसानों से सीधे बातचीत कर खरीद प्रक्रिया, भुगतान और सुविधा से जुड़ी जानकारी भी ली गई। निरीक्षण के दौरान केंद्र प्रभारियों को निर्देश दिए गए कि अधिक से अधिक किसानों से संपर्क कर लक्ष्य के अनुरूप खरीद सुनिश्चित करें।
कम खरीद वाले केंद्रों पर सख्ती
निरीक्षण के बाद सर्किट हाउस में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में क्रय केंद्रवार खरीद की स्थिति की समीक्षा की गई। जिन केंद्रों पर औसत खरीद 22 प्रतिशत से कम पाई गई, वहां संबंधित जिम्मेदारों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।
नोडल अधिकारी ने स्पष्ट किया कि लक्ष्य के अनुरूप खरीद न होने पर जवाबदेही तय की जाएगी। साथ ही क्रय की गति बढ़ाने के लिए जरूरी कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
बोरों की उपलब्धता पर विशेष ध्यान
बैठक में गेहूं भंडारण के लिए बोरो की उपलब्धता पर भी चर्चा हुई। नोडल अधिकारी ने केंद्रवार बोरों की स्थिति की समीक्षा करने को कहा। जहां कमी हो, वहां तत्काल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि किसी भी केंद्र पर बोरे की कमी के कारण खरीद प्रभावित नहीं होनी चाहिए। इसके लिए संबंधित विभागों को समन्वय बनाकर काम करने को कहा गया।









