
लखनऊ। आशियाना थाने से चोरी के मामले में जेल भेजे गए मिथुन कुमार (28) की इलाज के दौरान मौत हो गई। मिथुन लाइटिंग का काम करता था और ननसोहा रामकोट, सीतापुर का रहने वाला था। उसे 29 नवंबर को रतनखंड स्थित अनिल सिंह के मकान में चोरी के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।
मृतक के परिजनों ने पुलिस पर बेहमी की मारपीट और उचित इलाज न देने का आरोप लगाया। उनके मुताबिक, मिथुन को चौकी में डंडे और बेल्ट से पीटा गया, उसके सीने पर लातें मारी गईं, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ी। इसके बाद उसे जेल भेजा गया, जहां हालत और खराब होने के बाद अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उसकी जान नहीं बचाई जा सकी।
घटना का क्रम:
- 29 नवंबर: अनिल सिंह के घर चोरी, प्राथमिकी दर्ज
- 16 दिसंबर: मिथुन कुमार को गिरफ्तार किया गया
- 16-19 दिसंबर: चौकी में नाबालिग साथी के साथ बेहरमी से पीटा गया
- 19 दिसंबर: पुलिस ने उसे जेल भेजा, स्थिति बिगड़ने पर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत
पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कर परिजनों को सौंप दिया है। परिवार ने उचित कार्रवाई की मांग की है और घटना को पुलिस क्रूरता का मामला बताया है।
यह मामला जेल और थाने में अपराधियों के साथ होने वाले दुर्व्यवहार और पुलिस प्रशासन पर बढ़ते दबाव को उजागर करता है।








