नयी दिल्ली । वाणिज्य एवं उद्योग संगठन पीएचडी चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री ने तीन कृषि कानून को वापस लिये जाने के निर्णय की सराहना करते हुए आज कहा कि यह देशवासियों के कल्याण के लिए सरकार की प्रतिबद्धता और समर्पण को दर्शाता है।
पीएचडी चैंबर के अध्यक्ष प्रदीप मुल्तानी ने शुक्रवार को कहा कि गुरुपर्व के इस शुभ दिन पर तीन कृषि कानून को वापस लिये जाने का निर्णय देशवासियों के कल्याण के लिए सरकार की प्रतिबद्धता और समर्पण को दर्शाता है। कृषि मुद्दों को हल करने के लिए एक समिति बनाने का निर्णय किसानों की वास्तविक समस्याओं की पहचान करने और सरकार को किसानों की आय बढ़ाने के लिए कृषि नीति बनाने में मदद करेगा।
श्री मुल्तानी ने कहा कि पीएचडी चैंबर एक महान नीतिगत माहौल की आशा करता है, जो समाज के प्रत्येक वर्ग के लाभ के लिए है और आने वाले समय में भारत को पांच लाख करोड़ रुपये की अर्थव्यवस्था बनाने का इरादा रखता है।








