
- खुले में कुर्बानी और सड़क पर नमाज पर रोक
- संवेदनशील इलाकों में बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था
- पीस कमेटी के साथ पुलिस करेगी लगातार बैठकें
- CCTV कैमरों से रखी जाएगी निगरानी
Eid al-Adha (बकरीद) को लेकर प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड पर है। शहर के मिश्रित आबादी वाले 24 संवेदनशील प्वाइंटों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया जाएगा।
J. Ravinder Gaud ने सभी थाना प्रभारियों और एसीपी को निर्देश दिए हैं कि खुले में किसी भी प्रकार की कुर्बानी नहीं होने दी जाएगी। साथ ही सड़कों पर नमाज अदा करने पर भी प्रतिबंध रहेगा।
पुलिस कमिश्नर ने अधिकारियों से कहा है कि वे पीस कमेटी के पदाधिकारियों और दोनों समुदायों के गणमान्य लोगों के साथ बैठक कर त्योहार को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने की तैयारी सुनिश्चित करें। उन्होंने चेतावनी दी कि माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों को चिन्हित कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
संवेदनशील इलाकों में बढ़ाई गई निगरानी
एडिशनल पुलिस कमिश्नर Rajkaran Naiyyar ने बताया कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए गए हैं। एसीपी अपने-अपने क्षेत्रों में भ्रमण और पैदल मार्च कर रहे हैं।
कोतवाली के अलावा लोनी, मसूरी, डासना, नाहल, नाहली, मुरादनगर और मोदीनगर जैसे इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रहेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि खुले में पशु कुर्बानी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
दो शिफ्ट में हो सकती है नमाज
बैठक के दौरान अधिकारियों ने कहा कि यदि किसी स्थान पर नमाजियों की संख्या अधिक होती है, तो दो शिफ्ट में नमाज अदा कराई जा सकती है। हालांकि किसी भी स्थिति में सड़क या सार्वजनिक स्थान पर नमाज की अनुमति नहीं होगी।
प्रशासन ने प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी को लेकर भी सख्त चेतावनी जारी की है। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
साफ-सफाई पर भी जोर
कुर्बानी के बाद निकलने वाले अवशेष और कचरे को नगर निगम की गाड़ियों में डालने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि शहर में साफ-सफाई बनी रहे। साथ ही पानी, बिजली और स्वच्छता व्यवस्था को लेकर संबंधित विभागों को भी दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
त्योहार के दौरान सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने के लिए संवेदनशील इलाकों में CCTV कैमरों से निगरानी की जाएगी।









