- महाराष्ट्र की मेडिकल छात्रा ने सुसाइड नोट छोड़ा
- सूरत में 17 वर्षीय NEET अभ्यर्थी ने भी की आत्महत्या
- री-एग्जाम के परिणाम और परीक्षा तनाव का जिक्र
- परीक्षा रद्द होने के बाद 11 राज्यों में 24 छात्रों की मौत का दावा
अहिल्यानगर/सूरत। महाराष्ट्र के अहिल्यानगर में 19 वर्षीय मेडिकल छात्रा अंकिता सुरेश सांगले और गुजरात के सूरत में 17 वर्षीय NEET-UG अभ्यर्थी कहान पटेल ने कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। दोनों मामलों में परिजनों ने परीक्षा से जुड़े तनाव और परिणामों को लेकर मानसिक दबाव की बात कही है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
सुसाइड नोट में लिखी मानसिक तनाव की बात
पुलिस के अनुसार, अंकिता के कमरे से एक सुसाइड नोट मिला है। इसमें उसने लिखा कि री-एग्जाम में उसे 166 अंक मिले, जबकि कटऑफ 177 अंक था। उसने अपने इस कदम के लिए माता-पिता और भाई को जिम्मेदार न ठहराने की बात भी लिखी।
घर में फंदे से लटका मिला शव
परिजनों के मुताबिक, घटना के समय अंकिता अपने कमरे में पढ़ाई कर रही थी। काफी देर तक कोई आवाज नहीं आने पर उसकी मां ने दरवाजा खोला तो वह मृत मिली। उसके पिता सुरेश सांगले ने बताया कि शुरुआती परीक्षा में अंकिता का प्रदर्शन अच्छा रहा था, लेकिन री-एग्जाम के परिणाम के बाद वह काफी तनाव में रहने लगी थी।
सूरत के छात्र के व्यवहार में आया था बदलाव
गुजरात के सूरत में 17 वर्षीय कहान पटेल ने भी कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। उसके पिता प्रशांत पटेल के अनुसार, कोचिंग के दौरान उसे NEET-UG पेपर लीक की जानकारी मिली थी, जिसके बाद वह मानसिक रूप से परेशान रहने लगा। परिवार का कहना है कि उसके व्यवहार में लगातार बदलाव देखा जा रहा था।
24 छात्रों की मौत का दावा
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, परीक्षा रद्द होने के बाद से देश के 11 राज्यों में 24 छात्रों की आत्महत्या की बात सामने आई है। इस दावे की आधिकारिक पुष्टि संबंधित एजेंसियों की ओर से अलग-अलग मामलों में की जानी बाकी है।









