अंबेडकरनगर। जनपद मुख्यालय स्थित बीएनकेबी पीजी कॉलेज में शुक्रवार को शिक्षकों ने काली पट्टी बांधकर सांकेतिक विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन अखिल भारतीय विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय शिक्षक संगठन (एआईफुक्टो) और प्रदेश स्तरीय संगठन (फुपुक्टा) के आह्वान पर महाविद्यालय के प्रशासनिक भवन के सामने आयोजित किया गया।
प्रदर्शन के दौरान शिक्षकों ने केंद्र सरकार की शिक्षक संबंधी नीतियों का विरोध जताया। साथ ही अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आवाज उठाई। शिक्षकों ने बताया कि इन मांगों के समर्थन में आठ अगस्त को नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रस्तावित धरना-प्रदर्शन का भी आयोजन किया जाएगा।
प्रदर्शन के दौरान राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 को वापस लेने और विकसित भारत शिक्षा अधिष्ठान विधेयक को रोकने की मांग उठाई गई। शिक्षकों ने आठवें यूजीसी वेतन आयोग के गठन और पुरानी पेंशन योजना को फिर से लागू करने की भी मांग की।
इसके अलावा एमफिल कार्यक्रम जारी रखने, पीएचडी और एमफिल से जुड़े वेतनवृद्धि प्रावधानों को बरकरार रखने, नीट, सीयूईटी समेत अन्य केंद्रीकृत परीक्षाओं को समाप्त करने तथा एसोसिएट प्रोफेसर और प्रोफेसर पद पर पदोन्नति के लिए पीएचडी की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग भी रखी गई।
शिक्षकों ने करियर एडवांसमेंट स्कीम (सीएएस) के तहत पात्र शिक्षकों को प्रोफेसर पद देने और यूजीसी के निर्देशों के अनुरूप रिफ्रेशर व ओरिएंटेशन कोर्स की समय-सीमा बढ़ाने की मांग भी दोहराई।









