अंबेडकरनगर। जलालपुर नगर को जाम की समस्या से राहत दिलाने की दिशा में बाईपास निर्माण की उम्मीद बढ़ी है। 43.74 करोड़ रुपये की लागत से 5.80 किलोमीटर लंबा बाईपास बनाने के प्रस्ताव पर 16 अक्तूबर को हुई व्यय वित्त समिति की बैठक में चर्चा हुई। अब परियोजना को मुख्यमंत्री की मंजूरी मिलने का इंतजार है। स्वीकृति और बजट जारी होने के बाद निर्माण की अगली प्रक्रिया शुरू हो सकेगी।
नगर के भीतर घटेगा भारी वाहनों का दबाव
जलालपुर के मुख्य मार्गों पर यातायात का दबाव बढ़ने से अक्सर जाम की स्थिति बनती है। इससे स्थानीय लोगों के साथ ही नगर से गुजरने वाले राहगीरों को भी परेशानी होती है। खासकर भारी वाहनों की आवाजाही से मुख्य मार्गों पर यातायात प्रभावित होता है। बाईपास बनने से भारी वाहनों को नगर के भीतर से गुजरने की जरूरत कम होगी। इससे मुख्य मार्गों पर वाहनों का दबाव घटने और यातायात व्यवस्था बेहतर होने की उम्मीद है।
सदन से शासन तक उठता रहा परियोजना का मुद्दा
पूर्व सांसद रितेश पांडेय इस बाईपास परियोजना का मुद्दा सदन से लेकर शासन स्तर तक उठाते रहे हैं। उन्होंने बताया कि परियोजना को लेकर शासन स्तर पर बैठक हो चुकी है। जल्द ही इसके लिए बजट जारी होने की उम्मीद है।
मंजूरी के बाद शुरू होगी आगे की प्रक्रिया
लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता अश्वनी पांडेय के अनुसार, जिले से भेजे गए बाईपास निर्माण के प्रस्ताव पर प्रक्रिया चल रही है। परियोजना को मंजूरी मिलने और बजट उपलब्ध होने के बाद आगे की कार्रवाई शुरू की जाएगी। फिलहाल नगरवासियों को बाईपास निर्माण की औपचारिक स्वीकृति का इंतजार है।









