
अम्बेडकरनगर— जिले में आवारा गोवंश की समस्या से निपटने और उन्हें सुरक्षित आश्रय उपलब्ध कराने के लिए प्रशासन सक्रिय मोड में है। मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी ने जानकारी दी कि जनपद में कुल 38 गोशालाएँ संचालित हैं, जहाँ इस समय 4985 गोवंश संरक्षित किए गए हैं। इसके साथ ही ग्राम सस्पना (विकासखंड अकबरपुर), नगर पंचायत राजेसुल्तानपुर और ग्राम रामकोला (विकासखंड रामनगर) में तीन बड़े गो संरक्षण केंद्र निर्माणाधीन हैं, जिनका संचालन जल्द शुरू होने की तैयारी है।
ठंड से बचाने के लिए हर गोशाला में विशेष व्यवस्था
सर्दी बढ़ने को देखते हुए सभी गोवंश आश्रय स्थलों पर सुरक्षा उपाय लागू कर दिए गए हैं। शेडों को त्रिपाल से ढक दिया गया है, ताकि तेज हवा और ठंड से गोवंशों को बचाया जा सके।
मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी ने सभी पंचायत सचिवों और ग्राम प्रधानों को निर्देशित किया है कि रात में अलाव जलाने की व्यवस्था अनिवार्य रूप से कराई जाए। साथ ही शेड के अंदर पराली बिछाकर गर्माहट बनाए रखने का भी निर्देश दिया गया है।
जिलाधिकारी के निर्देश पर अभियान तेज, संयुक्त टीमें सक्रिय
6 दिसंबर 2025 को हुई जनपद स्तरीय गोशाला अनुश्रवण एवं मूल्यांकन समिति की बैठक में जिलाधिकारी द्वारा दिए गए निर्देशों के अनुपालन में अब सड़क और गांवों में घूम रहे आवारा गोवंश को पकड़ने का अभियान तेज कर दिया गया है।








