
- बोर्ड मीटिंग में हुआ बड़ा खुलासा, कैसे टूटी वित्तीय पारदर्शिता
- सिर्फ 1 साल का एक्सटेंशन क्यों मिला था कठपालिया को?
- कौन हैं सौमित्र सेन और अनिल राव, जो संभालेंगे बैंक की कमान?
मुंबई। इंडसइंड बैंक के CEO सुमंत कठपालिया के इस्तीफे के बाद भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने बैंक को स्थिर रखने के लिए एक अंतरिम कमेटी ऑफ एक्जीक्यूटिव्स को संचालन की जिम्मेदारी सौंपी है। यह कमेटी तब तक बैंक के रोजमर्रा के संचालन, ग्राहक सेवाओं और वित्तीय निर्णयों की देखरेख करेगी, जब तक कि नया CEO नियुक्त नहीं हो जाता।
तीन महीने तक काम करेगी अंतरिम टीम
इस अंतरिम कमेटी में कंज्यूमर बैंकिंग प्रमुख सौमित्र सेन और चीफ एडमिनिस्ट्रेटिव ऑफिसर अनिल राव को शामिल किया गया है। दोनों अधिकारी मिलकर CEO के दायित्व निभाएंगे। RBI ने स्पष्ट किया है कि यह व्यवस्था अधिकतम तीन महीने तक या नए CEO की नियुक्ति तक ही प्रभावी रहेगी।
ओवरसाइट कमेटी देगी मार्गदर्शन
बैंक ने एक अतिरिक्त ओवरसाइट कमेटी भी गठित की है, जिसमें चेयरमैन के अलावा ऑडिट, रिस्क मैनेजमेंट और नियुक्ति समितियों के प्रमुख शामिल हैं। इसका उद्देश्य अंतरिम टीम को रणनीतिक दिशा देना और कॉरपोरेट गवर्नेंस के उच्च मानकों को बनाए रखना है।
डेरिवेटिव घाटे की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए दिया इस्तीफा
सुमंत कठपालिया ने 29 अप्रैल से प्रभावी अपने इस्तीफे के पीछे डेरिवेटिव पोर्टफोलियो में गड़बड़ी को जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने कहा, “मुझे जो गलतियां बताई गईं, उनकी नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए मैं पद से हट रहा हूं।” कठपालिया पिछले 12 वर्षों से बैंक के शीर्ष प्रबंधन का हिस्सा रहे हैं।








