
- समाधान दिवस में पहुंचे सैकड़ों लोग, पर उम्मीदें अधूरी रहीं
- महीनों से लंबित म्यूटेशन, अधिकारी दे रहे सिर्फ तिथियाँ
- शिकायतों के अंबार के बीच भी नहीं दिखा समाधान का रास्ता
लखनऊ। नगर निगम द्वारा आयोजित ‘संपूर्ण समाधान दिवस’ में नागरिकों ने सीवर, अतिक्रमण, म्यूटेशन, पानी और हाउस टैक्स जैसी समस्याओं को लेकर शिकायतें कीं, लेकिन ज्यादातर लोगों का आरोप था कि अधिकारी सिर्फ आश्वासन देकर पल्ला झाड़ लेते हैं।
म्यूटेशन के लिए महीनों से दौड़ रहे नागरिक
मोतीझील कॉलोनी (जोन-2) के निवासी अनुराग कुमार पांडेय ने बताया कि उन्होंने 5 नवंबर 2024 को म्यूटेशन के लिए आवेदन किया था और 11 दिसंबर को फीस भी जमा करा दी, लेकिन अब तक काम नहीं हुआ।** उन्होंने कहा, “हर समाधान दिवस पर निगम आता हूं, लेकिन जोनल अधिकारी मुझे इधर-उधर भगाते रहते हैं। मैं एक गंभीर बीमारी से पीड़ित हूं, फिर भी मदद नहीं मिल रही।”*
नाली न बनने से परेशान निवासी
आनंद लोक कॉलोनी (इस्माईलगंज द्वितीय वार्ड) के राजबहादुर गुप्ता ने बताया कि उनके इलाके में 100 मीटर की नाली अभी तक नहीं बनी है। उन्होंने महापौर से 10 बार और नगर आयुक्त से 25 बार शिकायत की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।** “आज भी नगर आयुक्त ने सिर्फ कागजात मांगे, कोई ठोस जवाब नहीं दिया,” उन्होंने कहा।
हाउस टैक्स में अचानक बढ़ोतरी
- विकास नगर के पीयूष श्रीवास्तव ने बताया कि उनके घर का हाउस टैक्स 219 रुपये से बढ़कर 4,000 रुपये हो गया।
- इंदिरा नगर की राजेश्वरी देवी ने कहा कि उनका टैक्स साढ़े 6 हजार से बढ़कर अब 9,500 रुपये आ गया है, लेकिन शिकायत का कोई असर नहीं हुआ।
अधिक टैक्स वसूली का मामला
एकता नगर (जोन-6) के रूप नारायण तिवारी ने बताया कि 2012 से उनके घर का टैक्स गलत तरीके से बढ़ाया गया। “2018 में मैंने 39,000 रुपये अधिक जमा किए थे, लेकिन अधिकारी उसे समायोजित नहीं कर रहे,” उन्होंने आरोप लगाया।
निगम अधिकारियों का रुख
नगर आयुक्त गौरव कुमार और अन्य अधिकारियों ने नागरिकों को समस्या का समाधान करने का आश्वासन दिया, लेकिन ज्यादातर शिकायतकर्ताओं का कहना है कि ये आश्वासन महज दिखावा हैं।








