
- 14 जुलाई तक राहत- रवीना, फराह और भारती सिंह को मिली कोर्ट से बड़ी राहत
- मजाक को लेकर विवाद- ‘हालेलुयाह’ शब्द के गलत उच्चारण से धार्मिक भावनाएं आहत
- क्या है पूरा मामला? कब हुआ था विवाद और कैसे मामला अदालत तक पहुंचा?
चंडीगढ़। पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने ईसाई समुदाय की धार्मिक भावनाओं को आहत करने के मामले में अभिनेत्री रवीना टंडन, फिल्म निर्माता फराह खान और कॉमेडियन भारती सिंह के खिलाफ जारी पुलिस नोटिस पर 14 जुलाई तक रोक लगा दी है। अदालत ने स्पष्ट किया कि अगली सुनवाई तक पुलिस या किसी अन्य एजेंसी द्वारा आरोपियों को कोई नया नोटिस जारी नहीं किया जाएगा।
क्या है पूरा मामला?
यह विवाद 2019 में फराह खान द्वारा होस्ट किए गए शो ‘बैकबेंचर्स’ के एक एपिसोड से जुड़ा है, जिसमें रवीना टंडन और भारती सिंह अतिथि के रूप में शामिल हुई थीं। शो के दौरान, ‘हालेलुयाह’ शब्द का उल्लेख हुआ, जिसे भारती सिंह ने गलत तरीके से बोला और फिर कॉमेडी के अंदाज में इसका मतलब समझाया। इस पर ईसाई समुदाय के लोग नाराज हो गए, जिन्होंने आरोप लगाया कि इस शब्द का मजाक बनाकर उनकी धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई गई।
‘हालेलुयाह’ एक पवित्र हिब्रू शब्द है, जिसका उपयोग ईसाई ईश्वर की स्तुति में करते हैं। इसके बाद, क्रिश्चियन फ्रंट के अध्यक्ष सोनू जफर ने अमृतसर के अजनाला पुलिस थाने में तीनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई।
सेलिब्रिटीज ने मांगी थी माफी
इस मामले में रवीना टंडन और फराह खान ने सोशल मीडिया पर माफी मांगी थी। रवीना ने कहा था, “हमारा किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाने का कोई इरादा नहीं था। अगर ऐसा हुआ है, तो हम माफी चाहते हैं।” वहीं, फराह खान ने भी ट्वीट कर कहा था कि वह किसी भी धर्म का अपमान नहीं करना चाहतीं।
अगली सुनवाई 14 जुलाई को
हाईकोर्ट ने इस मामले में पुलिस की कार्रवाई पर रोक लगाते हुए अगली सुनवाई 14 जुलाई के लिए निर्धारित की है। फिलहाल, पुलिस आरोपियों के खिलाफ कोई नया नोटिस जारी नहीं कर सकती। यह मामला धार्मिक भावनाओं और फ्री स्पीच के बीच के संतुलन पर एक बड़ा सवाल खड़ा करता है। अदालत का अगला फैसला इस विवाद में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।








