
अम्बेडकरनगर। आगामी धान खरीद वर्ष 2025–26 की तैयारियों को लेकर शुक्रवार अपराह्न कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) रंजीत सिंह, जिला खाद्य विपणन अधिकारी, जिला खरीद अधिकारी गोरखनाथ, एआर कोऑपरेटिव सहित सभी क्रय एजेंसियों के जिला प्रभारी और जनपद के समस्त क्रय केंद्र प्रभारी उपस्थित रहे।
एक नवम्बर से शुरू होगी धान खरीद
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि 1 नवम्बर से जनपद के सभी क्रय केंद्रों पर धान की खरीद प्रारंभ कर दी जाए। उन्होंने कहा कि किसानों को पहले से ही खरीद प्रक्रिया और नियमों की जानकारी दी जाए, ताकि वे केंद्रों पर बिना किसी समस्या के अपना धान बेच सकें। उन्होंने कहा कि सभी केंद्रों पर क्रय संबंधी व्यवस्थाएँ पूर्ण रूप से सुनिश्चित हों, जिनमें नमी मापक यंत्र, ई-पॉस मशीन, डस्टर, इलेक्ट्रॉनिक कांटा, टोकन सिस्टम, बोरे और पेयजल की व्यवस्था शामिल है।
17 प्रतिशत नमी तक का धान ही खरीदा जाएगा
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसानों को यह संदेश स्पष्ट रूप से दिया जाए कि केंद्रों पर केवल 17 प्रतिशत तक नमी वाला धान ही खरीदा जाएगा। इसके लिए ग्रामीण स्तर पर प्रचार-प्रसार बढ़ाया जाए। उन्होंने कहा कि साफ-सुथरा और सूखा धान लेकर आने वाले किसानों को प्राथमिकता दी जाएगी। साथ ही किसी भी केंद्र पर किसानों को प्रतीक्षा या असुविधा न होने पाए, इसकी जिम्मेदारी संबंधित क्रय एजेंसी की होगी।
जनपद में 100 धान क्रय केंद्र स्थापित
बैठक में जिला खाद्य विपणन अधिकारी ने जानकारी दी कि जनपद में कुल 100 धान क्रय केंद्र संचालित किए जा रहे हैं। इनमें विपणन शाखा के 32 केंद्र, पीसीएफ के 36 केंद्र, पीसीयू के 20 केंद्र, यूपीएसएस के 8 केंद्र, मंडी समिति के 2 केंद्र और भारतीय खाद्य निगम के 2 केंद्र शामिल हैं।








