
- कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय के कमरे में पुलिस ने रात में जबरन घुसकर उन्हें रोका
- कई जिलाध्यक्ष और सपा नेता भी पुलिस निगरानी में रखे गए
- अजय राय ने सोशल मीडिया पर लिखा- “ये वोट चोरों को बचा नहीं पाएगा”
वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे से पहले कांग्रेस ने गुरुवार को विरोध प्रदर्शन की घोषणा की थी। इसके बाद पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मच गया। आधी रात को लखनऊ और वाराणसी समेत पूर्वांचल के 22 जिलों में पुलिस ने ताबड़तोड़ कार्रवाई कर 200 से अधिक कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं को हाउस अरेस्ट कर लिया।
लखनऊ में अजय राय के कमरे में पुलिस की दबिश
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय लखनऊ के एक होटल में ठहरे थे। रात में पुलिस अचानक उनके कमरे में पहुंची। अजय राय ने इसका विरोध करते हुए इंस्पेक्टर को खरी-खोटी सुनाई और दरवाजा बंद कर लिया। पुलिस ने उन्हें वाराणसी जाने से रोकने की चेतावनी दी। इस कार्रवाई को अजय राय ने सोशल मीडिया पर साझा कर नाराजगी जताई।
पूर्वांचल के कई जिलों में गिरफ्तारी और नजरबंदी
वाराणसी कांग्रेस जिलाध्यक्ष राजेश्वर सिंह को मंडुवाडीह पुलिस ने हाउस अरेस्ट किया। वहीं महानगर अध्यक्ष राघवेंद्र चौबे पुलिस को चकमा देकर निकल गए। मिर्जापुर, जौनपुर, भदोही, गाजीपुर और चंदौली समेत 22 जिलों के कई नेताओं को पुलिस ने हिरासत में लिया।
“वोट चोर गद्दी छोड़” के नारे की तैयारी थी
अजय राय ने गुरुवार को पीएम मोदी के खिलाफ ‘‘वोट चोर गद्दी छोड़’’ का नारा लगाते हुए विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया था। इसकी भनक खुफिया विभाग को लग गई और पुलिस ने बड़े पैमाने पर छापेमारी शुरू कर दी।








