लखनऊ। देश के सबसे महंगे एक्सप्रेस-वे में शामिल लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस-वे को बनाने वाली कंपनी PNC इंफ्राटेक के शेयरों में लगातार गिरावट देखने को मिल रही है। 5 अगस्त को NHAI की ओर से PNC इंफ्राटेक को नॉन-परफॉर्मर घोषित करने की कार्रवाई शुरू किए जाने की जानकारी सामने आने के बाद कंपनी के शेयर पर दबाव बढ़ गया।
5 अगस्त को कंपनी का शेयर करीब ₹260.24 पर था। इसके बाद चार कारोबारी दिनों में शेयर की कीमत करीब 19% तक गिर गई।
BSE-NSE को कंपनी ने भेजा 3 पेज का जवाब
शेयर में गिरावट के बीच PNC इंफ्राटेक ने BSE और NSE को तीन पेज का पत्र भेजकर अपनी स्थिति स्पष्ट की है। कंपनी ने कहा है कि उसे न तो ब्लैकलिस्ट किया गया है और न ही नॉन-परफॉर्मर घोषित किया गया है।
कंपनी के मुताबिक, फिलहाल उसे केवल कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। इस नोटिस का जवाब उसकी सहायक कंपनी अवध एक्सप्रेस-वे प्राइवेट लिमिटेड की ओर से दिया जा रहा है।
कंपनी की सफाई के बाद अब यह सवाल उठ रहा है कि NHAI की कार्रवाई वास्तव में कितनी गंभीर है और कंपनी की ओर से शेयर बाजार को दी गई जानकारी में कितनी सच्चाई है।









