- प्रयागराज में तीन दिन में 205 मिमी बारिश
- वाराणसी के 100 से ज्यादा मंदिरों में घुसा गंगा का पानी
- MP में बाढ़ जैसे हालात, कई गांवों का संपर्क टूटा
- उत्तराखंड में बारिश से 4 मौतें, हिमाचल में 88 सड़कें बंद
नई दिल्ली। देश के कई हिस्सों में लगातार बारिश से जनजीवन प्रभावित है। गुरुवार सुबह दिल्ली-NCR में तेज बारिश हुई। द्वारका अंडरपास समेत एयरपोर्ट रोड के कई हिस्सों में पानी भरने से लोगों को आवाजाही में परेशानी हुई।
प्रयागराज में हालात बिगड़े
उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में पिछले चार दिनों से बारिश जारी है। बीते तीन दिनों में करीब 205 मिमी बारिश दर्ज की गई। शहर के कई इलाकों में पांच फीट तक पानी भर गया है।
घरों और हॉस्टलों में पानी पहुंचने के बाद बुधवार को करीब 2 हजार छात्रों ने हॉस्टल छोड़ दिया। मौसम विभाग ने आज भी प्रदेश के नौ जिलों में रेड अलर्ट जारी किया है।
वाराणसी में घाट डूबे
वाराणसी में गंगा का जलस्तर बढ़ने से घाटों के किनारे बने 100 से ज्यादा मंदिरों में पानी पहुंच गया है। हरिश्चंद्र घाट की गलियों और सीढ़ियों तक पानी पहुंच गया है।
वहीं, मणिकर्णिका घाट पर छत के ऊपर अंतिम संस्कार किए जाने की स्थिति बनी हुई है।
MP में बाढ़ जैसे हालात
मध्य प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश के कारण बाढ़ जैसे हालात हैं। सतना में बारिश के बाद चित्रकूट की गुप्तगोदावरी में जलस्तर बढ़ गया।
डिंडौरी में नदी-नाले उफान पर हैं, जिससे 12 से ज्यादा गांवों का संपर्क टूट गया। पन्ना के कई गांव भी जलभराव की चपेट में हैं।
उत्तराखंड और हिमाचल में भी असर
उत्तराखंड में बारिश से जुड़ी घटनाओं में बुधवार को चार लोगों की मौत हो गई। मृतकों में दो साल का बच्चा और दिल्ली की 25 वर्षीय महिला भी शामिल हैं।
वहीं, हिमाचल प्रदेश में बारिश और भूस्खलन के कारण 88 सड़कें बंद हैं। कई इलाकों में यातायात प्रभावित हुआ है।









