- पौधों की मनमानी कीमतों की शिकायतों पर शासन का फैसला
- लाइसेंस के बिना संचालन अधिनियम-1976 का उल्लंघन
- नियम तोड़ने पर जुर्माने और कारावास का प्रावधान
अंबेडकरनगर। जिले में अब निजी पौधशालाएं बिना लाइसेंस संचालित नहीं हो सकेंगी। पौधों की मनमाने दाम पर बिक्री की शिकायतों के बीच शासन ने निजी पौधशालाओं को लाइसेंस व्यवस्था के दायरे में लाने का निर्णय लिया है। बिना लाइसेंस पौधशाला चलाना अधिनियम-1976 का उल्लंघन होगा। इसके लिए जुर्माने और कारावास का प्रावधान है।
विभाग के अनुसार, निजी पौधशालाओं में पौधों की कीमतों को लेकर शासन, विभाग और जिला स्तर पर लगातार शिकायतें मिल रही थीं। लोगों को उचित दर पर पौधे उपलब्ध कराने में आ रही दिक्कतों को देखते हुए यह कदम उठाया गया है।
लाइसेंस से संचालन पर रहेगी निगरानी
नई व्यवस्था के तहत निजी पौधशाला संचालकों को लाइसेंस लेना होगा। इसका उद्देश्य पौधशालाओं के संचालन को निर्धारित नियमों के दायरे में लाना और पौधों की बिक्री में मनमानी पर अंकुश लगाना है।
लोगों को उचित दर पर मिलेंगे पौधे
शासन की मंशा है कि लोगों को गुणवत्तायुक्त पौधे सुलभ दरों पर मिल सकें। इसके साथ ही लाइसेंस व्यवस्था से सरकारी राजस्व में भी वृद्धि होने की उम्मीद है।









