लखनऊ। गन्ने का मूल्य बढ़ाने की मांग को लेकर भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) की महापंचायत में राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने सरकार पर धान, गन्ने, मंदिर, चंदे और वोट की चोरी करने के आरोप लगाए। वहीं, भाकियू युवा विंग के राष्ट्रीय अध्यक्ष गौरव टिकैत ने कहा कि खेती की लागत लगातार बढ़ रही है, लेकिन किसानों को उनकी उपज का उचित दाम नहीं मिल रहा है।
राकेश टिकैत ने सरकार पर लगाए आरोप
लखनऊ के गन्ना संस्थान परिसर में आयोजित महापंचायत को संबोधित करते हुए राकेश टिकैत ने कहा कि सरकार के लोग चोरी कर रहे हैं और पकड़े जा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि धान, गन्ने, मंदिर, चंदे और वोट की चोरी की जा रही है। टिकैत ने न्याय व्यवस्था और पुलिस पर भी टिप्पणी करते हुए कहा कि जज, वकील, पुलिस और जांच अधिकारी भी उन्हीं के हैं।
खेती की लागत बढ़ी, आमदनी नहीं: गौरव टिकैत
भाकियू युवा विंग के राष्ट्रीय अध्यक्ष गौरव टिकैत ने किसानों की आर्थिक स्थिति का मुद्दा उठाया। उन्होंने कहा कि खेती में लागत लगातार बढ़ती जा रही है, जबकि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य नहीं मिल पा रहा है। उन्होंने 2022 तक किसानों की आमदनी दोगुनी करने के वादे का जिक्र करते हुए कहा कि किसान अब भी परेशानियों का सामना कर रहे हैं।
महापंचायत में एक हजार से अधिक किसान पहुंचे
गन्ना संस्थान परिसर में आयोजित महापंचायत में एक हजार से अधिक किसानों के शामिल होने की जानकारी है। इनमें बड़ी संख्या में महिला किसान भी मौजूद रहीं। किसानों ने राकेश टिकैत का फूल बरसाकर स्वागत किया। महापंचायत का मुख्य मुद्दा गन्ने के दाम में बढ़ोतरी और किसानों की समस्याएं रहा।
गेट बंद होने पर रातभर चला धरना
महापंचायत में शामिल होने के लिए किसान गुरुवार से ही लखनऊ पहुंचने लगे थे। गन्ना संस्थान का गेट बंद होने और अनुमति नहीं मिलने की जानकारी पर किसान नाराज हो गए। इसके बाद राकेश टिकैत के साथ एक हजार से अधिक किसान रात में ही गेट के बाहर धरने पर बैठ गए और नारेबाजी करने लगे।
किसानों के विरोध को देखते हुए प्रशासन ने महापंचायत की अनुमति दे दी। इसके बाद सुबह गन्ना संस्थान का गेट खुलवाया गया और किसान परिसर में पहुंचे।









