कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस (TMC) में जारी सियासी संकट के बीच पार्टी सुप्रीमो ममता बनर्जी ने मंगलवार को बड़ा कदम उठाते हुए सांसद कल्याण बनर्जी को लोकसभा में पार्टी का नया चीफ व्हिप नियुक्त कर दिया। इस संबंध में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को पत्र भेजकर नियुक्ति को तत्काल प्रभाव से लागू करने का अनुरोध किया गया है।
यह फैसला ऐसे समय में लिया गया है जब लोकसभा में टीएमसी के 28 सांसदों में से 20 सांसदों ने पार्टी नेतृत्व के खिलाफ बगावत कर दी है। बागी सांसदों ने राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (NDA) सरकार को समर्थन देने का फैसला किया है और सांसद काकोली घोष दस्तीदार को अपना चीफ व्हिप चुना है।
काकोली घोष दस्तीदार ने बागी सांसदों के हस्ताक्षर वाला पत्र लोकसभा अध्यक्ष को भेजकर अलग संसदीय ब्लॉक के रूप में बैठने की व्यवस्था की मांग भी की है। इससे संसद में टीएमसी की स्थिति को लेकर नया राजनीतिक विवाद खड़ा हो गया है।
राजनीतिक दलों में चीफ व्हिप की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण मानी जाती है। चीफ व्हिप सांसदों के बीच अनुशासन बनाए रखने, पार्टी की रणनीति लागू कराने और सदन में पार्टी के निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने का काम करता है। निर्देशों की अवहेलना करने पर संबंधित सदस्य के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई भी की जा सकती है।
बताया जा रहा है कि 3 जून को पश्चिम बंगाल के 80 में से 58 विधायक भी अलग गुट बना चुके हैं। इस गुट का नेतृत्व ऋतब्रत कर रहे हैं। ऐसे में पार्टी के सामने संगठनात्मक एकता बनाए रखना बड़ी चुनौती बन गया है।









