
- सहारनपुर में पहाड़ी से आए तेज बहाव में 10 वाहन बहे
- 25 जिलों में तेज आंधी और बारिश से जनजीवन प्रभावित
- संतकबीरनगर में सूर्य के चारों ओर दिखी दुर्लभ रंगीन रिंग
Uttar Pradesh में आंधी-तूफान और तेज बारिश ने भारी तबाही मचाई है। शुक्रवार तड़के कई जिलों में तेज हवाओं और बारिश के चलते जनजीवन प्रभावित हो गया। अलग-अलग हादसों में प्रदेशभर में 22 लोगों की मौत हो गई।
सहारनपुर में पहाड़ी पानी से बहीं गाड़ियां
Saharanpur में भारी बारिश के बाद पहाड़ियों से तेज बहाव के साथ पानी नीचे आ गया। अचानक आए पानी के सैलाब में इनोवा, ट्रैक्टर समेत करीब 10 वाहन बह गए। कई बाइक मलबे में दब गईं।
हादसे में दो पर्यटकों की मौत हो गई, जबकि मौके पर राहत और बचाव कार्य जारी है।
संतकबीरनगर में दिखा दुर्लभ नजारा
Sant Kabir Nagar में शुक्रवार सुबह आसमान में दुर्लभ प्राकृतिक दृश्य देखने को मिला। सुबह करीब 11:30 बजे सूर्य के चारों ओर लाल और नीले रंग का बड़ा गोलाकार घेरा दिखाई दिया।
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार इस तरह की रिंग आमतौर पर आंधी या तूफान से पहले या बाद में दिखाई देती है और इसे बारिश का संकेत माना जाता है।
कई जिलों में 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवा
Lucknow, Varanasi और Prayagraj समेत 25 जिलों में तेज आंधी और बारिश हुई। कई स्थानों पर हवा की रफ्तार 100 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच गई।
सहारनपुर में ओलावृष्टि हुई, जबकि वाराणसी में भारी बारिश के चलते BHU Trauma Center के बाहर जलभराव हो गया। प्रदेश के कई हिस्सों में पेड़ और बिजली के पोल उखड़ गए।
Jhansi में 5 क्विंटल वजनी यूनिपोल गिर गया। वहीं रेलवे ट्रैक पर बिजली के तार टूटकर गिरने से कई ट्रेनें घंटों देरी से चलीं।
अलग-अलग हादसों में 22 लोगों की मौत
आंधी-तूफान और बारिश के कारण कई जिलों में जानलेवा हादसे हुए। Hamirpur में निर्माणाधीन पुल का स्लैब गिरने से 6 मजदूरों की मौत हो गई।
Kaushambi में कच्चे मकान पर पेड़ गिरने से मां, बेटे और बेटी समेत 4 लोगों की जान चली गई।
इसके अलावा सहारनपुर, जालौन और देवरिया में 2-2 लोगों की मौत हुई, जबकि प्रतापगढ़, महाराजगंज, अंबेडकरनगर, फतेहपुर, बलिया और रायबरेली में एक-एक व्यक्ति की मौत की खबर है।









