- 200 से ज्यादा अमेरिकी सैन्य सुविधाओं को नुकसान का दावा
- गल्फ क्षेत्र में करीब 40 हजार अमेरिकी सैनिक तैनात
- सैन्य मौजूदगी घटाने पर अभी अंतिम फैसला नहीं
वॉशिंगटन। ईरान के साथ युद्ध के बाद अमेरिका फारस की खाड़ी यानी गल्फ क्षेत्र में अपनी सैन्य मौजूदगी कम करने पर विचार कर रहा है। वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, पेंटागन इस बात की समीक्षा कर रहा है कि क्या गल्फ देशों में पहले की तरह बड़ी संख्या में अमेरिकी सैनिकों को तैनात रखने की जरूरत है।
200 से ज्यादा ठिकानों को नुकसान
रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी सैन्य तैनाती में बदलाव की एक बड़ी वजह युद्ध के दौरान सैन्य ठिकानों को हुआ नुकसान है। दावा किया गया है कि इस दौरान 200 से ज्यादा अमेरिकी सैन्य सुविधाएं क्षतिग्रस्त या तबाह हुईं।
फिलहाल अमेरिका जॉर्डन से लेकर ओमान तक करीब 20 सैन्य ठिकानों पर लगभग 40 हजार सैनिक तैनात रखता है।
अभी नहीं हुआ अंतिम फैसला
अमेरिकी सैन्य तैनाती में बदलाव को लेकर फिलहाल कोई अंतिम फैसला नहीं हुआ है। पेंटागन, ज्वाइंट स्टाफ और अमेरिकी सेंट्रल कमांड मिलकर युद्ध के बाद मध्य पूर्व में अमेरिकी सैन्य मौजूदगी की जरूरत का आकलन कर रहे हैं।
समीक्षा पूरी होने के बाद ही यह तय होगा कि गल्फ क्षेत्र में अमेरिकी सैनिकों की संख्या और सैन्य ठिकानों की मौजूदा व्यवस्था में कोई बदलाव किया जाएगा या नहीं।









