लखनऊ। उत्तर प्रदेश की सियासत में इन दिनों बड़े मुद्दों के साथ अब मूंछों पर भी बयानबाजी शुरू हो गई है। सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गुरुवार को लखनऊ स्थित पार्टी मुख्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान मंच पर अपनी पार्टी के कार्यकर्ता जगदीश यादव को बुलाया और उनकी बड़ी-बड़ी मूंछों पर ताव दिलवाया। इस दौरान अखिलेश यादव ने कहा कि ऐसी मूंछों पर ताव देना अच्छा लगता है।
अखिलेश ने जगदीश यादव को मूंछों की देखभाल के लिए कुछ रुपये भी दिए। ललितपुर के भगोड़ा गांव निवासी जगदीश यादव अपनी लंबी मूंछों के लिए क्षेत्र में पहचान रखते हैं। उनकी उम्र और मूंछों को देखते हुए लोग उन्हें ‘ताऊजी’ कहकर बुलाते हैं।
अखिलेश ने एक दिन पहले X पर किया था पोस्ट
मूंछों को लेकर अखिलेश यादव का यह अंदाज एक दिन पहले किए गए उनके सोशल मीडिया पोस्ट के बाद सामने आया। अखिलेश ने X पर जगदीश यादव की तस्वीर शेयर करते हुए लिखा था- “उसकी मूंछें बहुत छोटी थीं।”
इस पोस्ट को मैनपुरी के डिप्टी एसपी यानी CO सिटी अशोक सिंह से जोड़कर देखा गया। दरअसल, एक दिन पहले CO अशोक सिंह का मूंछों पर ताव देते हुए वीडियो सामने आया था। वीडियो में उन्होंने कथित तौर पर कहा था कि यह वीडियो अखिलेश यादव को दे देना।
मैनपुरी में विवाद के बाद सामने आया था CO का वीडियो
मामला मैनपुरी में 30 अगस्त की शाम हुई एक हत्या की घटना के बाद शुरू हुआ। बिजली का तार टूटने को लेकर हुए विवाद में दबंगों पर ट्रक क्लीनर 22 वर्षीय सुभाष कुमार की गोली मारकर हत्या करने का आरोप है। घटना में ट्रक ड्राइवर भी गोली लगने से घायल हुआ था।
31 अगस्त को सुभाष का शव पोस्टमॉर्टम हाउस लाया गया। यहां मृतक के परिजन आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग को लेकर प्रदर्शन करने लगे। इस दौरान CO सिटी अशोक सिंह परिजनों को समझाने का प्रयास कर रहे थे। इसी दौरान उनकी सपा नेताओं के साथ बहस हो गई।
सपा कार्यकर्ताओं ने वीडियो बनाकर अखिलेश से शिकायत की बात कही
विवाद के दौरान सपा कार्यकर्ता CO अशोक सिंह का वीडियो बनाने लगे। कार्यकर्ताओं ने उनसे कहा कि इस मामले की शिकायत सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव से की जाएगी। आरोप है कि इस पर CO नाराज हो गए और उन्होंने मूंछों पर ताव देते हुए प्रतिक्रिया दी।
इसके बाद उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया और सियासी चर्चा शुरू हो गई। अब अखिलेश यादव ने जगदीश यादव को मंच पर बुलाकर उनकी मूंछों पर ताव दिलवाया। इससे दोनों घटनाओं के बीच राजनीतिक संदेश को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।









