
अंबेडकरनगर के महामाया राजकीय एलोपैथिक मेडिकल कॉलेज, सद्दरपुर में गुरुवार को मानसिक स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) की मेंटल हेल्थ एंड वेल-बीइंग कमेटी के अंतर्गत मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य के निर्देशन में आयोजित हुआ। इसमें छात्र-छात्राओं को मानसिक तनाव, अवसाद, एंजायटी और बदलती जीवनशैली से जुड़ी चुनौतियों के बारे में जानकारी दी गई।
कार्यक्रम में मानसिक रोग विशेषज्ञ डॉ. पारुल यादव और डॉ. सुधांशु चंदेल ने तनाव के कारण, उसके प्रकार, प्रभाव और प्रबंधन पर विस्तार से व्याख्यान दिया। साथ ही समय प्रबंधन और मानसिक संतुलन बनाए रखने के उपायों पर भी चर्चा की गई।
छात्रों से संवाद कर दी गई मानसिक रोगों की जानकारी
कार्यक्रम में मेडिकल कॉलेज की उपचारिकाएं भी मौजूद रहीं। उन्होंने अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा करते हुए मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े विषयों पर बातचीत की। आयोजन में मेडिकल कॉलेज के नर्सिंग छात्र-छात्राओं के अलावा सर सुंदर लाल कॉलेज ऑफ नर्सिंग के विद्यार्थियों ने भी भाग लिया। कई पीजी छात्र-छात्राएं भी कार्यक्रम में शामिल हुए।
विशेषज्ञों ने बताया कि आज की तेज जीवनशैली, पढ़ाई का दबाव, सामाजिक चुनौतियां और डिजिटल दुनिया का बढ़ता प्रभाव युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर रहा है। ऐसे में समय रहते सही मार्गदर्शन और संवाद बेहद जरूरी है।
डिप्रेशन और नशे से जुड़े मानसिक रोगों पर हुई चर्चा
कार्यक्रम के दौरान डिप्रेशन, एंजायटी और नशे से जुड़े मानसिक रोगों पर द्विपक्षीय वार्ता की गई। छात्र-छात्राओं से मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े सवाल पूछे गए और उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों में मानसिक रोगों के प्रति जागरूकता और जानकारी हासिल करने को लेकर उत्सुकता दिखाई दी।









