अंबेडकरनगर। किछौछा के निजामुद्दीनपुर में आयोजित दो दिवसीय कबूतर उड़ान टूर्नामेंट का समापन सोमवार को उत्साह और सौहार्दपूर्ण वातावरण में हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता गुड्डू अंसारी ने की, जबकि संचालन मोहम्मद असद (जलालपुर) ने किया। प्रतियोगिता के समापन पर विजेता प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया।
‘कबूतर शांति और अनुशासन का प्रतीक’
मुख्य अतिथि मोहम्मद शफी नेशनल इंटर कॉलेज, हंसवर के शिक्षक मोहम्मद असलम खान ने कहा कि कबूतर शांति का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि कबूतरबाजी केवल एक शौक नहीं, बल्कि अनुशासन, धैर्य, लगन और पारंपरिक विरासत से जुड़ी गतिविधि है। ऐसे आयोजन आपसी भाईचारे, प्रेम और सामाजिक एकता को मजबूत करने के साथ नई पीढ़ी को सांस्कृतिक धरोहर से जोड़ने का कार्य करते हैं।
खेल भावना और मेल-मिलाप पर दिया जोर
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे गुड्डू अंसारी ने कहा कि प्रतियोगिता का उद्देश्य खेल भावना को बढ़ावा देना और समाज में आपसी मेल-मिलाप एवं सौहार्द का वातावरण बनाए रखना है। उन्होंने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग करने वाले सभी लोगों का आभार भी व्यक्त किया।
पहले दिन इन प्रतिभागियों ने मारी बाजी
प्रतियोगिता के पहले दिन अब्दुल्लाह अंसारी ने प्रथम, बबलू ने द्वितीय और गुड्डू अंसारी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। प्रतिभागियों ने बेहतर प्रदर्शन कर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया।
दूसरे दिन भी अब्दुल्लाह रहे अव्वल
दूसरे दिन की प्रतियोगिता में अब्दुल्लाह अंसारी ने प्रथम, धर्मेंद्र कुमार ने द्वितीय और शाकिर अंसारी ने तृतीय स्थान हासिल किया। समापन समारोह में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को मुख्य अतिथि मोहम्मद असलम खान ने माल्यार्पण कर मोमेंटो प्रदान करते हुए सम्मानित किया।









