नई दिल्ली। दक्षिण-पश्चिम मानसून ने इस बार तेजी से रफ्तार पकड़ ली है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार मानसून महज पांच दिनों में 13 राज्यों तक पहुंच चुका है और सोमवार को उसने तेलंगाना में भी प्रवेश कर लिया। पश्चिमी तट पर मानसून अब मुंबई से करीब 150 किलोमीटर दूर है और अगले 48 घंटों में इसके मुंबई पहुंचने की संभावना जताई गई है।
देश के कई हिस्सों में प्री-मानसून गतिविधियां भी तेज हो गई हैं। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में सोमवार को बारिश हुई, जबकि उत्तर प्रदेश के गोरखपुर और जालौन में भी तेज बारिश दर्ज की गई। राजस्थान के कई इलाकों में 60 से 120 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलीं।
हालांकि राजस्थान के पश्चिमी जिलों में गर्मी का प्रकोप अभी भी बना हुआ है। सोमवार को श्रीगंगानगर में अधिकतम तापमान 45.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। फलोदी में 44.8 डिग्री, जबकि जैसलमेर और बीकानेर में 44.4 डिग्री सेल्सियस तापमान रिकॉर्ड किया गया। मौसम विभाग ने इन क्षेत्रों में हीटवेव का अलर्ट जारी किया है।
मौसम विभाग के मुताबिक मंगलवार को देश के 15 राज्यों में बारिश की संभावना है। केरल और कर्नाटक के कुछ जिलों में भारी बारिश को लेकर रेड अलर्ट जारी किया गया है। अगले सात दिनों के दौरान केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु, पूर्वोत्तर भारत और पश्चिम बंगाल के कुछ हिस्सों में भी भारी वर्षा हो सकती है।
इस वर्ष मानसून सामान्य तिथि से तीन दिन की देरी से 4 जून को केरल पहुंचा था। इसके बावजूद उसने तेजी से आगे बढ़ते हुए पांच दिनों के भीतर 13 राज्यों को कवर कर लिया है। रविवार को मानसून त्रिपुरा, असम, अरुणाचल प्रदेश और नागालैंड तक पहुंच गया था, जबकि सोमवार को उसने तेलंगाना में दस्तक दी।









