अंबेडकरनगर। मतदाता सूची के पुनरीक्षण के बाद अब जिले में मतदेय स्थलों के संभाजन की प्रक्रिया तेज हो गई है। निर्वाचन आयोग के प्रति मतदेय स्थल 1200 मतदाताओं के मानक के तहत बूथों के पुनर्निर्धारण और नए मतदेय स्थल बनाने की तैयारी की जा रही है। इस प्रक्रिया में जनप्रतिनिधियों और राजनीतिक दलों के सुझावों को भी शामिल किया जाएगा। शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ईशा प्रिया की अध्यक्षता में हुई बैठक में संभाजन की प्रक्रिया, आपत्तियों और उनके निस्तारण की समयसीमा पर चर्चा हुई।
बैठक में बताया गया कि मतदेय स्थलों की आलेख्य सूची का प्रकाशन 19 अक्तूबर को किया जा चुका है। इसकी प्रतियां सांसद, विधायकों और मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को उपलब्ध करा दी गई हैं। सूची को लेकर प्राप्त आपत्तियों और सुझावों पर बैठक में चर्चा की गई। जनप्रतिनिधियों और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से मौके पर भी सुझाव और आपत्तियां ली गईं।
26 अक्तूबर तक आपत्तियों का निस्तारण, अगले दिन भेजेंगे प्रस्ताव
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, मतदेय स्थलों के संभाजन से जुड़ी आपत्तियों और सुझावों का निस्तारण 26 अक्तूबर तक किया जाएगा। इसके बाद 27 अक्तूबर को सभी आवश्यक अभिलेखों के साथ प्रस्ताव मुख्य निर्वाचन अधिकारी, उत्तर प्रदेश, लखनऊ को भेजा जाएगा। वहां से इसे निर्वाचन आयोग के अनुमोदन के लिए आगे बढ़ाया जाएगा।
मतदाताओं की सुविधा और बूथ की उपलब्धता पर रहेगा जोर
जिलाधिकारी ईशा प्रिया ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि पूरी प्रक्रिया निर्वाचन आयोग के मानकों के अनुरूप पारदर्शी और निष्पक्ष ढंग से पूरी की जाए। बूथों के निर्धारण में मतदाताओं की सुविधा और मतदान केंद्रों की भौतिक उपलब्धता को ध्यान में रखने के साथ प्राप्त आपत्तियों का नियमानुसार परीक्षण करने को कहा गया।









