अंबेडकरनगर। जिलाधिकारी के निर्देश पर कृषि विभाग ने गुरुवार को जिलेभर में उर्वरक प्रतिष्ठानों की जांच के लिए विशेष अभियान चलाया। अभियान के दौरान अधिकारियों की संयुक्त टीम ने कुल 267 खाद दुकानों का निरीक्षण किया। अनियमितताएं मिलने पर तीन प्रतिष्ठानों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया, जबकि एक दुकान का उर्वरक लाइसेंस निलंबित कर दिया गया।
कृषि विभाग की संयुक्त टीम में वरिष्ठ प्राविधिक सहायक (यूपी), जिला कृषि अधिकारी, उप कृषि निदेशक और अन्य अधिकारी शामिल रहे। टीम ने विभिन्न क्षेत्रों में पहुंचकर उर्वरक बिक्री, उपलब्धता और अभिलेखों की जांच की।
तीन दुकानदारों को कारण बताओ नोटिस
उप कृषि निदेशक डॉ. अश्वनी कुमार सिंह ने बताया कि जांच के दौरान कुछ प्रतिष्ठानों पर अनियमितताएं मिलीं। इसके बाद मानु उर्वरक भंडार, पहितीपुर, धर्मेन्द्र प्रकाश शुक्ला, आदमपुर तिन्दोली और भैयालाल सोनी, महड़ुआ को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।
वहीं जांच में मिली कमियों के आधार पर किसान खाद भंडार, आदमपुर बिंदौली का उर्वरक लाइसेंस निलंबित कर दिया गया।
खाद की उपलब्धता की भी ली गई जानकारी
कृषि विभाग ने बताया कि जुलाई माह तक जिले में उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता है। विभागीय आंकड़ों के अनुसार सहकारिता और निजी क्षेत्र में वर्तमान में यूरिया, डीएपी, एनपीके, एसएसपी और एमओपी का पर्याप्त भंडार मौजूद है।
वर्तमान में जिले में:
यूरिया: 19,748 मीट्रिक टन
डीएपी: 3,351 मीट्रिक टन
एनपीके: 2,822 मीट्रिक टन
एसएसपी: 10,294 मीट्रिक टन
एमओपी: 106 मीट्रिक टन
उपलब्ध है।
किसानों को निर्धारित दर पर खाद उपलब्ध कराने पर जोर
कृषि विभाग ने कहा कि उर्वरक बिक्री व्यवस्था पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। विभागीय टीमों द्वारा समय-समय पर प्रतिष्ठानों की जांच की जाएगी, ताकि किसानों को निर्धारित व्यवस्था के अनुसार खाद मिल सके और अनियमितताओं पर कार्रवाई की जा सके।









