नई दिल्ली। इंस्टेंट मैसेजिंग प्लेटफॉर्म WhatsApp ने अपने नए यूजरनेम फीचर को लेकर विस्तृत FAQs (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल) जारी किए हैं। यह कदम ऐसे समय उठाया गया है, जब केंद्र सरकार ने इस फीचर के संभावित दुरुपयोग और ऑनलाइन धोखाधड़ी की आशंकाओं को लेकर कंपनी की पैरेंट कंपनी मेटा को नोटिस भेजा था।
सरकार ने मेटा से कहा था कि यूजरनेम फीचर लागू होने से पहले सुरक्षा संबंधी सभी पहलुओं को पूरी तरह स्पष्ट किया जाए। साथ ही यह भी चेतावनी दी गई थी कि जब तक संभावित जोखिमों को लेकर संतोषजनक जवाब नहीं मिलता, तब तक इस फीचर को व्यापक स्तर पर लागू न किया जाए।
सरकारी चिंता के बाद WhatsApp ने स्पष्ट किया है कि यूजरनेम फीचर को सुरक्षित बनाने के लिए कई सुरक्षा उपाय अपनाए जा रहे हैं। कंपनी ने FAQs के माध्यम से यूजर्स को इस फीचर के उपयोग, सुरक्षा व्यवस्था और इससे जुड़े महत्वपूर्ण नियमों की जानकारी दी है।
गौरतलब है कि WhatsApp ने 29 जून से दुनिया भर में यूजरनेम रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू कर दी है। हालांकि, यह सुविधा सभी यूजर्स को एक साथ उपलब्ध नहीं कराई जाएगी। कंपनी इसे चरणबद्ध तरीके से विभिन्न देशों और क्षेत्रों में रोलआउट करेगी।
जब किसी क्षेत्र में यह फीचर उपलब्ध होगा, तो संबंधित यूजर्स को WhatsApp ऐप के भीतर नोटिफिकेशन के माध्यम से इसकी जानकारी दी जाएगी। इसके बाद यूजर अपनी पसंद का यूनिक यूजरनेम चुन सकेंगे और मोबाइल नंबर साझा किए बिना भी दूसरों से जुड़ने की सुविधा प्राप्त कर सकेंगे।









